किसानों और आदिवासियों की समस्याओं पर व्यापक चर्चा

मनोज तोमर ब्यूरो चीफ दैनिक फ्यूचर लाइन टाईम्स गौतमबुद्ध नगर 
हरिद्वार में भाकियू के चार दिवसीय चिंतन शिविर का सकुशल समापन: किसानों और आदिवासियों की समस्याओं पर व्यापक चर्चा
हरिद्वार/नोएडा, 18 जून 2024– भारतीय किसान यूनियन (भाकियू) द्वारा आयोजित चार दिवसीय चिंतन शिविर का आज हरिद्वार में सफलतापूर्वक समापन हुआ। इस शिविर में देशभर से लाखों किसान और आदिवासी जुटे, जिन्होंने अपनी समस्याओं और सरकार की नीतियों पर विस्तार से चर्चा की। शिविर का आयोजन 15 जून से 18 जून तक हुआ, जिसमें किसानों की समस्याओं, जैसे विद्युत शुल्क, गन्ना भुगतान, रोजगार, और संगठन की भूमिका पर गंभीर मंथन किया गया।
शिविर के समापन समारोह में भाकियू के राष्ट्रीय प्रवक्ता, चौधरी राकेश टिकैत ने मुख्य संबोधन दिया। उन्होंने कहा, “आज देश का किसान, मजदूर, आदिवासी, और बेरोजगार युवा एक गहरे संकट के दौर से गुजर रहा है। सरकार की नीतियां उन्हें आगे बढ़ने से रोक रही हैं। आपको संगठित होकर एक साथ काम करना होगा। आने वाले समय में संगठन ही देश को संकट से बचाएगा।” उनके इस उद्बोधन ने सभी उपस्थित किसानों और आदिवासियों में एक नई ऊर्जा का संचार किया।
इस चिंतन शिविर में, संगठन के विस्तार और भविष्य की रणनीतियों पर भी गहन चर्चा हुई। भाग लेने वाले किसानों और आदिवासियों ने अपनी विभिन्न समस्याओं को साझा किया और उनके समाधान के उपायों पर विचार-विमर्श किया। शिविर में उपस्थित अन्य प्रमुख नेताओं में चौधरी युद्धवीर सिंह, राजवीर सिंह जादौन, मेनपाल चौहान, पंडित राजपाल शर्मा, गौरव टिकैत, चरण सिंह टिकैत, रवि आजाद, ओमपाल मलिक, कपिल खाटियान, पवन चोरौली, अशोक घटियान, बिल्लू प्रधान, नरेंद्र सिंह, विजय शास्त्री, योगेंद्र चौधरी, जित्ते चौहान, एकलव्य सिंह, सहारा अतुल त्रिपाठी, कपिल शर्मा, संजीव चेयरमैन, विजेंद्र सिंह ऐड, अरब सिंह, धीरज राठी आदि शामिल थे। इन सभी ने टिकैत रसोई का शुभारंभ किया और प्रसाद की तारीफ की।
शिविर के दौरान, नोएडा से आई टिकैत रसोई ने लगातार 16 जून से 18 जून तक भंडारे का आयोजन किया, जिसमें सभी उपस्थित लोगों के लिए भोजन की व्यवस्था की गई थी। इस भंडारे में सेवा देने वालों में प्रमुख रूप से राष्ट्रीय मीडिया प्रभारी सुभाष चौधरी, एनसीआर अध्यक्ष परविंदर अवाना, जिला अध्यक्ष अशोक भाटी, महानगर अध्यक्ष श्रीपाल कसाना, रविंद्र भगत जी, हरि भगत जी, जलकेश बाबूजी, जोगिंदर भड़ाना, सिंहराज गुर्जर, अमित चौधरी, सुमित तंवर, दीपक भाटी, प्रमोद टाइगर, संदीप अवाना, रविंद्र भाटी, योगेश बैसला, अनिल अवाना, नवल प्रधान, नरेश पंडित, संजय भाटी, शाहिद, और अन्य सैकड़ों लोग शामिल थे।
जिला अध्यक्ष अशोक भाटी ने शिविर के समापन पर सभी को धन्यवाद देते हुए कहा, “इस शिविर में भाग लेने वाले सभी किसान साथियों को मेरी शुभकामनाएं। आपने इस आयोजन को सफल बनाने में जो योगदान दिया है, वह सराहनीय है। आपके सहयोग और एकजुटता से ही हम अपनी समस्याओं का समाधान पा सकते हैं।”
हरिद्वार में आयोजित यह चिंतन शिविर एक ऐतिहासिक आयोजन साबित हुआ, जिसमें किसानों और आदिवासियों की आवाज को बुलंद किया गया और उनके मुद्दों पर गहन विचार-विमर्श किया गया। इस शिविर ने न केवल संगठन को मजबूत किया बल्कि भविष्य के संघर्षों के लिए एक मजबूत आधार भी प्रदान किया।

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